दिनांक: 15 मार्च 2026स्थान: जाजरकोट, नेपालआज मैं अपना एक विशेष अनुभव साझा कर रहा हूँ। करीब सात-आठ साल पहले, जब मैं नेपाल में कॉलेज की पढ़ाई करता था, तब अक्सर सब्जियाँ बेचने बाजार जाया करता था। उसी पुराने अनुभव और अपनी मेहनत की उपज को सही ठिकाने लगाने के लिए, आज मैं फिर से सब्जी बेचने कालेगाउँ से बाजार निकला।सुबह की तैयारी और प्रस्थानआज 15 मार्च 2026 है। आज बांदा … [Read more...] about मेरा अनुभव: 8 साल बाद फिर उसी बाजार में सब्जी बेचने का अनुभव
मेरा संघर्ष
शून्य से शिखर तक: जब हाथ कुदाल पर हो और कंधे पर अकेलेपन का बोझ
कहते हैं कि घर दो पहियों से चलता है, लेकिन क्या हो जब एक पहिया अपनी दिशा ही बदल ले? आज मैं 'शून्य' पर खड़ा हूँ। एक तरफ मेरी पुश्तैनी जमीन है, मेरा बगीचा है जिसे मैं अपने पसीने से सींचना चाहता हूँ, और दूसरी तरफ एक ऐसा खामोश संघर्ष है जो घर की चारदीवारी के भीतर रोज चलता है। लोग कहते हैं कि पहाड़ की जिंदगी शांत होती है, लेकिन इस शांति के पीछे एक अकेलापन भी है। जब आप सुबह की … [Read more...] about शून्य से शिखर तक: जब हाथ कुदाल पर हो और कंधे पर अकेलेपन का बोझ


